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ईद पर पाकिस्तान-अफगानिस्तान में सीजफायर, काबुल में अस्पताल पर हमले में 400 लोगों की मौत के बाद लिया गया फैसला

प्रकाशित: 19-03-2026 | लेखक: वीर अर्जुन टीम
ईद पर पाकिस्तान-अफगानिस्तान में सीजफायर, काबुल में अस्पताल पर हमले में 400 लोगों की मौत के बाद लिया गया फैसला
ईद के मौके पर पाकिस्तान और अफगानिस्तान में सीजफायर हुआ है। सऊदी अरब, तुर्किये और कतर के अनुरोध पर दोनों देशों ने सहमति से संघर्ष विराम किया। तालिबान ने ‘रद अल-ज़ुल्म’ ऑपरेशन रोका। संघर्ष विराम 18-19 मार्च की आधी रात को लागू हुआ और 23-24 मार्च की रात तक लागू रहेगा।
अफगानिस्तान ने पाकिस्तान पर एक पुनर्वास अस्पताल पर हमला करके 400 लोगों की हत्या करने का आरोप लगाया गया है, जिसके बाद सीजफायर की घोषणा की गई। पाकिस्तान के सूचना मंत्री अताउल्लाह तरार ने सीजफायर की पुष्टि की। उन्होंने अपने X हैंडल पर पोस्ट लिखकर सीजफायर की घोषणा की और इसे लेकर अहम जानकारी भी दी।
पाकिस्तान की पहल पर सीजफायर हुआ
मंत्री तरार ने बताया कि इस्लामों का सबसे पवित्र त्योहार ईद-उल-फितर मनाया जाना है। इसके मद्देनजर पाकिस्तान ने पहल की और सऊदी अरब, कतर और तुर्किये को बीच में लेकर अफगानिस्तान से संघर्ष विराम की बात की और सीजफायर की डेट फाइनल करके सैन्य अभियान ‘गजब-लिल-हक’ को बीच में अस्थायी रूप से रोकने का आदेश दिया।
तरार ने बताया कि सीजफायर 24 मार्च तक लागू रहेगा, लेकिन अगर इन 6 दिन में सीमा पर से किसी भी तरह के हमले की पहल हुई तो जवाबी कार्रवाई करने से भी पीछे नहीं हटेंगे। इसके बाद अफगान सरकार के प्रवक्ता जबीउल्लाह मुजाहिद ने कहा कि ईद-उल-फितर के अवसर पर हमले नहीं किए जाएंगे और सीजफायर का पालन किया जाएगा।
400 लोगों का सामूहिक कब बनाई गई
बता दें कि अफगान सरकार ने पाकिस्तान के हमले में मारे गए 400 लोगों का सामूहिक अंतिम संस्कार कर दिया है। कब्र बुलडोजर से खोदी गई और सभी 400 लोगों को एक ही कब्र में दफनाया गया है। पाकिस्तान ने एक पुनर्वास अस्पताल पर हमलसा किया था, जिसमें 408 लोगों की मौत हो गई और 265 लोग घायल हुए, जो उपचाराधीन हैं।
पाकिस्तान पर अफगानिस्तान ने 400 लोगों की हत्या करने का आरोप लगाया। वहीं पाकिस्तान ने कहा कि काबुल और पूर्वी अफगानिस्तान में सैन्य ठिकानों पर हमला किया था। इसमें लोगों के मारे जाने को लेकर अफगानिस्तान दुष्प्रचार कर रहा है। वहीं UNHCHR यानी संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त कार्यालय ने 400 लोगों की मौत की जांच की मांग की है।
कार्यालय के प्रवक्ता थमीन अल-खीतान ने कहा कि हमले और 400 लोगों की मौत की तुरंत, निष्पक्ष और पारदर्शी जांच होनी चाहिए और दोषियों को अंतरराष्ट्रीय मानकों के तहत जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए। जांच के नतीजे भी सार्वजनिक किए जाएं और पीड़ितों को मुआवजा दिया जाए। जांच करके पता लगाना चाहिए कि 400 लोगों की मौत का दोषी कौन है?