नीट अभ्यर्थियों की मौत पर राहुल गांधी का हमला : 'यह आत्महत्या नहीं, सिस्टम द्वारा हत्या है'
प्रकाशित: 15-05-2026 | लेखक: वीर अर्जुन टीम
नई दिल्ली। लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने उत्तरप्रदेश और गोवा में पेपर लीक के कारण नीट परीक्षा रद होने से हताश होकर दो छात्रों के आत्महत्या करने की घटना के लिए सरकारी परीक्षा तंत्र की भ्रष्ट व्यवस्था को जिम्मेदार ठहराया है।
साथ ही कहा कि ये बच्चे परीक्षा से नहीं हारे बल्कि इन्हें एक भ्रष्ट तंत्र ने मारा है और यह आत्महत्या नहीं यह सिस्टम द्वारा हत्या है। पेपर लीक से परेशान युवाओं को अपना पूरा समर्थन देते हुए कांग्रेस नेता ने कहा कि मेरे युवा साथियों,आपका दर्द मेरा दर्द है तथा आपकी मेहनत मेरी मेहनत है।
ऐसे में छात्रों का भविष्य चुराने वालों को जवाब देना ही होगा, चाहे जितना वक्त लगे, किसी को बख्शा नहीं जाएगा-ये मेरा वादा है।यूपी के लखीमपुर खीरी के 21 साल के छात्र ऋतिक मिश्रा के “अब नहीं देनी प्रतियोगी परीक्षा'' की आखिरी टिप्पणी के बाद आत्महत्या करने का जिक्र करते हुए राहुल गांधी ने एक्स पोस्ट में कहा कि तीसरी बार नीट देने वाला यह बच्चा, परीक्षा रद्द होते ही टूट गया।
गोवा में भी एक नीट अभ्यर्थी ने जान दे दी। पेपर लीक के आंकड़े देते हुए राहुल गांधी ने कहा कि 2015 से 2026 तक 148 परीक्षा घोटाले हुए जिसमें 87 परीक्षाए रद्द हुई और नौ करोड़ बच्चों का भविष्य प्रभावित हुआ। जबकि इन 148 घोटालों में सिर्फ एक को सजा हुई।
सीबीआई ने 17 मामले लिए, इडी ने 11 मगर किसी को सजा नहीं हुई। नीट, एआइपीएमटी और अन्य मेडिकल परीक्षाओं में अकेले 15 घोटाले। राहुल गांधी ने कहा कि सबसे शर्मनाक बात कि इन घोटालों में जिम्मेदार किसी अधिकारी या मंत्री का इस्तीफा नहीं हुआ।
अधिकारी हटाए जाते हैं फिर चुपके से बड़े पद पर बैठा दिए जाते हैं। चोरी कराने वालों को ईनाम मिलता है और परीक्षा देने वाले बच्चे जान गंवाते हैं। प्रधानमंत्री से सवाल करते हुए कांग्रेस नेता कहा कि मोदी जी जवाबदेही जगाने के लिए कितने ऋतिक चाहिए?
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने एक्स पोस्ट में छात्र ऋतिक मिश्रा की आत्महत्या को अत्यंत दुखद बताते हुए शोक संतप्त माता-पिता एवं परिवार के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं जताई और कहा कि नीट परीक्षा रद्द होने की वजह से ऋतिक मानसिक तनाव में थे।
उन्होंने कहा कि परीक्षाओं में चल रहा भयानक भ्रष्टाचार युवाओं की जान ले रहा है और हर साल लाखों छात्रों का भविष्य बर्बाद हो रहा है। प्रियंका ने सवाल उठाया कि यह सिलसिला कब रुकेगा और जवाबदेही कब तय होगी?
साथ ही कहा कि ये बच्चे परीक्षा से नहीं हारे बल्कि इन्हें एक भ्रष्ट तंत्र ने मारा है और यह आत्महत्या नहीं यह सिस्टम द्वारा हत्या है। पेपर लीक से परेशान युवाओं को अपना पूरा समर्थन देते हुए कांग्रेस नेता ने कहा कि मेरे युवा साथियों,आपका दर्द मेरा दर्द है तथा आपकी मेहनत मेरी मेहनत है।
ऐसे में छात्रों का भविष्य चुराने वालों को जवाब देना ही होगा, चाहे जितना वक्त लगे, किसी को बख्शा नहीं जाएगा-ये मेरा वादा है।यूपी के लखीमपुर खीरी के 21 साल के छात्र ऋतिक मिश्रा के “अब नहीं देनी प्रतियोगी परीक्षा'' की आखिरी टिप्पणी के बाद आत्महत्या करने का जिक्र करते हुए राहुल गांधी ने एक्स पोस्ट में कहा कि तीसरी बार नीट देने वाला यह बच्चा, परीक्षा रद्द होते ही टूट गया।
गोवा में भी एक नीट अभ्यर्थी ने जान दे दी। पेपर लीक के आंकड़े देते हुए राहुल गांधी ने कहा कि 2015 से 2026 तक 148 परीक्षा घोटाले हुए जिसमें 87 परीक्षाए रद्द हुई और नौ करोड़ बच्चों का भविष्य प्रभावित हुआ। जबकि इन 148 घोटालों में सिर्फ एक को सजा हुई।
सीबीआई ने 17 मामले लिए, इडी ने 11 मगर किसी को सजा नहीं हुई। नीट, एआइपीएमटी और अन्य मेडिकल परीक्षाओं में अकेले 15 घोटाले। राहुल गांधी ने कहा कि सबसे शर्मनाक बात कि इन घोटालों में जिम्मेदार किसी अधिकारी या मंत्री का इस्तीफा नहीं हुआ।
अधिकारी हटाए जाते हैं फिर चुपके से बड़े पद पर बैठा दिए जाते हैं। चोरी कराने वालों को ईनाम मिलता है और परीक्षा देने वाले बच्चे जान गंवाते हैं। प्रधानमंत्री से सवाल करते हुए कांग्रेस नेता कहा कि मोदी जी जवाबदेही जगाने के लिए कितने ऋतिक चाहिए?
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने एक्स पोस्ट में छात्र ऋतिक मिश्रा की आत्महत्या को अत्यंत दुखद बताते हुए शोक संतप्त माता-पिता एवं परिवार के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं जताई और कहा कि नीट परीक्षा रद्द होने की वजह से ऋतिक मानसिक तनाव में थे।
उन्होंने कहा कि परीक्षाओं में चल रहा भयानक भ्रष्टाचार युवाओं की जान ले रहा है और हर साल लाखों छात्रों का भविष्य बर्बाद हो रहा है। प्रियंका ने सवाल उठाया कि यह सिलसिला कब रुकेगा और जवाबदेही कब तय होगी?