पटाखा फैक्ट्री में मौत का धमाका
प्रकाशित: 01-06-2026 | लेखक: वीर अर्जुन टीम
कासगंज, (वीअ)। सोरों कोतवाली क्षेत्र के नगला पटिया गांव के पास स्थित एक पटाखा फैक्ट्री में शनिवार को हुए भीषण धमाके ने पूरे इलाके को दहला दिया। आग लगने के बाद हुए जोरदार विस्फोट में पांच मजदूर गंभीर रूप से झुलस गए। घायलों को अलीगढ़ रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान 14 वर्षीय रिहान की मौत हो गई। हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दोपहर के समय अचानक फैक्ट्री से धुआं उठता दिखाई दिया। इससे पहले कि लोग कुछ समझ पाते, आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और कुछ ही क्षणों में जोरदार धमाका हो गया। विस्फोट इतना तेज था कि उसकी आवाज कई किलोमीटर दूर तक सुनाई दी। धमाके के साथ फैक्ट्री परिसर में भगदड़ मच गई और आसपास के लोग दहशत में घरों से बाहर निकल आए। हादसे के समय फैक्ट्री के अंदर कई मजदूर पटाखा निर्माण कार्य में जुटे हुए थे। आग और विस्फोट की चपेट में आने से रिहान, मौनू, सुनील, अजय और रवि गंभीर रूप से झुलस गए। बताया जा रहा है कि कुछ मजदूर 40 से 80 प्रतिशत तक झुलस गए हैं। सभी घायलों को पहले स्थानीय अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन हालत गंभीर होने पर उन्हें अलीगढ़ के उच्च चिकित्सा केंद्र में रेफर कर दिया गया। वहां उपचार के दौरान किशोर रिहान जिंदगी की जंग हार गया। घटना की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड और पुलिस की टीमें मौके पर पहुंच गईं। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हादसे के बाद पुलिस ने पूरे क्षेत्र को घेरकर जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में कई चैंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। सूत्रों के अनुसार फैक्ट्री कथित रूप से किसी दूसरे व्यक्ति के नाम पर संचालित की जा रही थी। वहीं यह भी आरोप सामने आया है कि फैक्ट्री में नाबालिग बच्चों से काम कराया जा रहा था। यदि जांच में यह आरोप सही पाए जाते हैं तो फैक्ट्री संचालकों पर गंभीर कानूनी कार्रवाई हो सकती है। हादसे ने फैक्ट्री की सुरक्षा व्यवस्थाओं पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि पटाखा निर्माण जैसी संवेदनशील गतिविधियों में सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन होना चाहिए, लेकिन यहां लापरवाही बरती जा रही थी। प्रासन अब फैक्ट्री के लाइसेंस, संचालन व्यवस्था और सुरक्षा उपकरणों की उपलब्धता की भी जांच कर रहा है।
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस अधीक्षक ओ.पी. सिंह मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया।
उन्होंने अधिकारियों को मामले की निष्पक्ष और गहन जांच के निर्देश दिए हैं। एसपी ने कहा कि आग पर काबू पा लिया गया है और पूरे मामले की जांच की जा रही है। फैक्ट्री संचालन, सुरक्षा मानकों और अन्य पहलुओं की पड़ताल के बाद आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। एक तरफ जहां एक किशोर की मौत से परिवार में कोहराम मचा हुआ है, वहीं चार अन्य मजदूर अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे हैं। हादसे ने एक बार फिर पटाखा फैक्ट्रियों में सुरक्षा इंतजामों और बाल श्रम के मुद्दे को बहस के केंद्र में ला दिया है।
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस अधीक्षक ओ.पी. सिंह मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया।
उन्होंने अधिकारियों को मामले की निष्पक्ष और गहन जांच के निर्देश दिए हैं। एसपी ने कहा कि आग पर काबू पा लिया गया है और पूरे मामले की जांच की जा रही है। फैक्ट्री संचालन, सुरक्षा मानकों और अन्य पहलुओं की पड़ताल के बाद आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। एक तरफ जहां एक किशोर की मौत से परिवार में कोहराम मचा हुआ है, वहीं चार अन्य मजदूर अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे हैं। हादसे ने एक बार फिर पटाखा फैक्ट्रियों में सुरक्षा इंतजामों और बाल श्रम के मुद्दे को बहस के केंद्र में ला दिया है।