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यह केवल औपचारिक परिचय का कार्पाम नही, विद्यार्थियो की नई यात्रा का प्रारंभ हैः रामशंकर

प्रकाशित: 18-07-2026 | लेखक: वीर अर्जुन टीम
शहडोल (वीअ)। पंडित शंभूनाथ शुक्ला विश्वविद्यालय, शहडोल में नवप्रवेशित विद्यार्थियों के लिए आयोजित 15 दिवसीय दीक्षारंभ के अंतर्गत विभिन्न विभागों में लगातार कार्पाम आयोजित किए जा रहे हैं।
इसी ाढम में विज्ञान संकाय के विद्यार्थियों के लिए सामूहिक दीक्षारंभ कार्पाम का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय की शैक्षणिक, सहशैक्षणिक एवं व्यक्तित्व विकास संबंधी गतिविधियों से परिचित कराया गया। कार्पाम की अध्यक्षता करते हुए कुलगुरु प्रो. राम शंकर ने दीक्षारंभ कार्पाम के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह केवल औपचारिक परिचय का कार्पाम नहीं, बल्कि विद्यार्थियों के लिए विश्वविद्यालय जीवन की नई यात्रा का सशक्त प्रारंभ है। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुशासन, नैतिक मूल्यों, सतत अध्ययन तथा नवाचार की भावना के साथ शिक्षा ग्रहण करने का आह्वान किया। अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो.प्रमोद पाण्डेय ने विद्यार्थियों को अध्ययन की आदत विकसित करने, पुस्तकालय के अधिकतम उपयोग तथा समय के सदुपयोग का महत्व बताते हुए कहा कि निरंतर अध्ययन ही सफलता की कुंजी है। डॉ. गणेश ने एनसीसी की विभिन्न योजनाओं, प्रशिक्षण, अनुशासन तथा करियर की संभावनाओं की जानकारी दी। डॉ.मनीष ताराम ने विश्वविद्यालय की वेबसाइट एवं डिजिटल सेवाओं के समुचित उपयोग की विस्तृत जानकारी देते हुए विद्यार्थियों को ऑनलाइन सुविधाओं से अवगत कराया। डॉ.योगिता ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति अकादमिकों संरचना, ाsढडिट प्रणाली तथा विद्यार्थियों के लिए उपलब्ध शैक्षणिक अवसरों की विस्तार से जानकारी प्रदान की।
कार्पाम में डॉ. प्रवीण शर्मा, डॉ. रचना दुबे, डॉ. मनीषा शुक्ला, डॉ. हेमंत पाठक, डॉ. शरद बर्वे, डॉ. बालेंद्र गर्ग, डॉ. दिलीप तिवारी सहित विश्वविद्यालय के अनेक शिक्षक एवं अधिकारी उपस्थित रहे। सभी ने नवप्रवेशित विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएँ दीं।
कार्पाम का उद्देश्य विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय की कार्यप्रणाली, शैक्षणिक वातावरण, छात्र कल्याण योजनाओं तथा राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप उपलब्ध अवसरों से परिचित कराना रहा, जिससे वे आत्मविश्वास के साथ अपने उच्च शिक्षा जीवन का सफल प्रारंभ कर सकें।