मेगा जॉब फेयर में 6500 से अधिक बेरोजगार युवाओं को मौजूद कंपनियों ने नियुक्त किया : देवेन्द्र यादव
प्रकाशित: 20-06-2026 | लेखक: वीर अर्जुन टीम
नई दिल्ली, (हर्ष भारद्वाज)। नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के जन्मदिन पर युवा कांग्रेस और दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी की ओर से तालकटोरा स्टेडियम में आयोजित मेगा जॉब फेयर की शुरुआत दीप प्रज्वलित करके राष्ट्रगान के साथ हुई। कांग्रेस पार्टी ने 20 हजार से अधिक बेरोजगार युवाओं को रोजगार के लिए 150 से अधिक अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय स्तर की कंपनियों को आमंत्रित करके एक मिसाल कायम की है। मेगा जॉब फेयर में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव सचिन पायलट, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष देवेन्द्र यादव, राष्ट्रीय युवा कांग्रेस अध्यक्ष उदय भानू चिब, दिल्ली प्रभारी काजी निजामुद्दीन, एन.एस.यू.आई अध्यक्ष विनोद जाखड़, पूर्व मंत्री डा0 नरेन्द्र नाथ, दिल्ली प्रदेश कांग्रेस महासचिव संगठन अनिल भारद्वाज, दिल्ली युवा कांग्रेस अध्यक्ष अक्षय लाकड़ा सहित सभी जिला अध्यक्ष, ब्लाक अध्यक्ष मौजूद थे।
देवेन्द्र यादव ने कहा कि भयंकर बेरोजगारी के दौर में जहां करोड़ों युवाओं को मोदी सरकार से रोजगार मिलने की उम्मीद खत्म हो चुकी है, ऐसे में राहुल गांधी जी के जन्मदिन पर बेरोजगारी खत्म करने की दिशा में हजारों युवाओं को रोजगार देने के लिए आयोजित मेगा जॉब फेयर मोदी सरकार को आईना दिखाने वाला कदम है।
उन्होंने कहा कि देश के युवाओं को पेपर लीक की समस्या का स्थायी समाधान मिलना चाहिए, इसके लिए सरकार कानूनी तरीका अपना कर युवाओं को पेपर लीक की समस्या से निजात दे। उदय भानू चिब ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने प्रति वर्ष 2 करोड़ युवाओं को रोजगार देने का वादा करके 12 वर्षों में देश को भयंकर बेरोजगारी, भुखमरी और आर्थिक तंगी के स्तर पर लाकर खड़ा कर दिया है। रोजगार पाने के लिए मॉ बाप की जिंदगी भर की कमाई दाव पर लगाने वाले परीक्षार्थी आज मोदी सरकार की नाकामी नीट, जेईई, एस.एस.सी, जैसी बड़ी परीक्षाओं के पेपर लीक के भ्रष्टाचार से जूझ रहे है। उन्होंने कहा कि भारत में शिक्षा और स्वास्थ्य आज एक वसूली तंत्र बन चुका है, जिसमें सरकार भागीदार के रुप में काम कर रही है। उन्होंने कहा कि जब पेपर लीक की खबर करोड़ों परीक्षार्थियों को मिलती है तो उन्हें साल भर मेहनत के बदले तनाव, अनिश्चितता, बेरोजगारी और टूटे सपने और खत्म होता आत्म विश्वास मिलता है।
देवेन्द्र यादव ने कहा कि भयंकर बेरोजगारी के दौर में जहां करोड़ों युवाओं को मोदी सरकार से रोजगार मिलने की उम्मीद खत्म हो चुकी है, ऐसे में राहुल गांधी जी के जन्मदिन पर बेरोजगारी खत्म करने की दिशा में हजारों युवाओं को रोजगार देने के लिए आयोजित मेगा जॉब फेयर मोदी सरकार को आईना दिखाने वाला कदम है।
उन्होंने कहा कि देश के युवाओं को पेपर लीक की समस्या का स्थायी समाधान मिलना चाहिए, इसके लिए सरकार कानूनी तरीका अपना कर युवाओं को पेपर लीक की समस्या से निजात दे। उदय भानू चिब ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने प्रति वर्ष 2 करोड़ युवाओं को रोजगार देने का वादा करके 12 वर्षों में देश को भयंकर बेरोजगारी, भुखमरी और आर्थिक तंगी के स्तर पर लाकर खड़ा कर दिया है। रोजगार पाने के लिए मॉ बाप की जिंदगी भर की कमाई दाव पर लगाने वाले परीक्षार्थी आज मोदी सरकार की नाकामी नीट, जेईई, एस.एस.सी, जैसी बड़ी परीक्षाओं के पेपर लीक के भ्रष्टाचार से जूझ रहे है। उन्होंने कहा कि भारत में शिक्षा और स्वास्थ्य आज एक वसूली तंत्र बन चुका है, जिसमें सरकार भागीदार के रुप में काम कर रही है। उन्होंने कहा कि जब पेपर लीक की खबर करोड़ों परीक्षार्थियों को मिलती है तो उन्हें साल भर मेहनत के बदले तनाव, अनिश्चितता, बेरोजगारी और टूटे सपने और खत्म होता आत्म विश्वास मिलता है।