खाड़ी देशों में ईरान रोकेगा हमला? UNSC में 13 वोटों से पास हुआ प्रस्ताव, चीन और रूस ने किया किनारा
प्रकाशित: 12-03-2026 | लेखक: वीर अर्जुन टीम
अमेरिका और इजरायल की जवाबी कार्रवाई में ईरान ने खाड़ी देशों पर हमला किया था। ईरान अभी भी इन देशों पर निशाना बना रहा है। इसी बीच संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) ने एक प्रस्ताव पारित कर ईरान से खाड़ी देशों पर हमलों को तुरंत रोकने की मांग की है। अमेरिका द्वारा लाये गए इस प्रस्ताव को 135 देशों ने सहप्रायोजित किया था। UNSC के 13 सदस्य देशों ने इसके पक्ष में वोट दिया जबकि रूस और चीन ने इस प्रस्ताव से किनारा किया।
बता दें कि गत 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल ने ईरान पर संयुक्त हमला किया था। इसके बाद ईरान ने खाड़ी देशों में अमेरिकी बेस को निशाना बनाना शुरू कर दिया था। ईरान ने हार्मुज स्ट्रेट को बंद कर दिया। इससे दुनिया के अन्य देशों में तेल और एलपीजी की सप्लाई में बाधा शुरू हो गई। अब अमेरिका ने इस हार्मुज स्ट्रेट को शुरू करने का प्रयास करने का दावा किया है।
इसके लिए अमेरिका ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में एक प्रस्ताव पेश किया। प्रस्ताव खाड़ी देशों पर ईरान का हमला रोकने का था। इसके पक्ष में 13 देशों ने वोट दिया है। वहीं रूस और चीन ने इससे दूरी बनाई। परिषद का कहना है कि खाड़ी देशों पर हमला अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन हैं। अंतरराष्ट्रीय शांति एवं सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा हैं। प्रस्ताव के पक्ष में बहरीन, कुवैत, ओमान, कतर, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात और जॉर्डन पर किए जा रहे सभी हमलों को तुरंत बंद करने की मांग की गई है।
बता दें कि गत 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल ने ईरान पर संयुक्त हमला किया था। इसके बाद ईरान ने खाड़ी देशों में अमेरिकी बेस को निशाना बनाना शुरू कर दिया था। ईरान ने हार्मुज स्ट्रेट को बंद कर दिया। इससे दुनिया के अन्य देशों में तेल और एलपीजी की सप्लाई में बाधा शुरू हो गई। अब अमेरिका ने इस हार्मुज स्ट्रेट को शुरू करने का प्रयास करने का दावा किया है।
इसके लिए अमेरिका ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में एक प्रस्ताव पेश किया। प्रस्ताव खाड़ी देशों पर ईरान का हमला रोकने का था। इसके पक्ष में 13 देशों ने वोट दिया है। वहीं रूस और चीन ने इससे दूरी बनाई। परिषद का कहना है कि खाड़ी देशों पर हमला अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन हैं। अंतरराष्ट्रीय शांति एवं सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा हैं। प्रस्ताव के पक्ष में बहरीन, कुवैत, ओमान, कतर, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात और जॉर्डन पर किए जा रहे सभी हमलों को तुरंत बंद करने की मांग की गई है।