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कॉकरोच का स्कूली अव्यवस्था पर होगा राष्ट्रव्यापी आंदोलन

प्रकाशित: 15-08-2026 | लेखक: संपादकीय टीम
छात्र आंदोलन के माध्यम से पूरे देश का ध्यान युवाओं के समस्याओं पर केंद्रित करने एवं सफल अभियान के बाद कॉकरोच जनता पार्टी ने 15 अगस्त से देशभर के गांवों में सरकारी विद्यालयों की स्थिति सुधारने के उद्देश्य से एक व्यापक जन अभियान शुरू करने की घोषणा की है। यह अभियान ऐसे समय में शुरू किया जा रहा है जब देश के अनेक हिस्सों में सरकारी विद्यालयों में शिक्षकों की कमी, जर्जर भवन, पेयजल और शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाओं का अभाव तथा डिजिटल संसाधनों की कमी जैसे मुद्दे लगातार चर्चा का विषय बने हुए हैं। पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अभिजीत दीपके ने इस अभियान को केवल एक संगठनात्मक कार्पाम नहीं बल्कि शिक्षा के अधिकार और ग्रामीण भारत के भविष्य से जुड़ा जन आंदोलन बताया है।अभिजीत दीपके ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी विशेष अपील करते हुए कहा है कि स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लाल किले से दिए जाने वाले संबोधन में देश के युवाओं और ‘जेन ज़ेड' पीढ़ी के भविष्य को केंद्र में रखा जाना चाहिए। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि यह अभियान व्यापक जन समर्थन प्राप्त करता है तो ग्रामीण शिक्षा से जुड़े मुद्दे राष्ट्रीय बहस के केंद्र में आ सकते हैं। पिछले कुछ वर्षों में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं, शिक्षा व्यवस्था और युवाओं के भविष्य को लेकर देशभर में कई आंदोलन देखने को मिले हैं।
अभिजीत दीपके का कहना है कि देश के लाखों ग्रामीण परिवार अपने बच्चों की शिक्षा के लिए सरकारी विद्यालयों पर निर्भर हैं, लेकिन अनेक स्थानों पर विद्यालयों की वास्तविक स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। उनका मानना है कि शिक्षा व्यवस्था में सुधार केवल सरकारी योजनाओं और बजट घोषणाओं से संभव नहीं है, बल्कि स्थानीय समुदाय, अभिभावकों और ग्राम पंचायतों की सािढय भागीदारी भी आवश्यक है।
-वीरेंद्र कुमार जाटव,
नई दिल्ली।