मैक्सिको ने दक्षिण अफ्रीका को हराकर धमाकेदार शुरुआत की
प्रकाशित: 13-06-2026 | लेखक: वीर अर्जुन टीम
मैक्सिको सिटी, (एपी)। सह मेजबान मैक्सिको ने अब तक के सबसे बड़े फुटबॉल विश्व कप के उद्घाटन मैच में दक्षिण अफ्रीका को 2-0 से हराकर अपने अभियान की धमाकेदार शुरुआत की।इस बार विश्व कप में 48 टीम भाग ले रही हैं और खचाखच भरे एज़्टेका स्टेडियम में मैक्सिको की टीम पर अपेक्षाओं का दबाव होना स्वाभाविक था। लेकिन उसके खिलाड़ियों ने अपनी भूमिका बखूबी निभाई और दक्षिण अफ्रीका को आसानी से हराकर अपने प्रशंसकों को जमकर जश्न मनाने का मौका दिया। इस मैच में तीन खिलाड़ियों को लाल कार्ड भी दिखाए गए।जूलियन क्विनोनेस (नौवें मिनट)और राउल जिमेनेज (66वें)ने मैक्सिको के लिए गोल किए, जो कनाडा और अमेरिका के साथ इस टूर्नामेंट की सह-मेजबानी कर रहा है।मैक्सिको के कोच जेवियर अगुइरे ने मैच के बाद कहा, मैंने उन्हें यह समझाने की कोशिश की कि विश्व कप और घरेलू मैदान पर पहला मैच खेलने का क्या मतलब होता है। वे युवा हैं और उन्हें खुद इसका अनुभव करना था।
मैक्सिको चार साल पहले कतर में खेले गए विश्व कप में ग्रुप चरण से बाहर हो गया था। इससे पहले उसकी टीम लगातार सात बार अंतिम 16 में पहुंचने में सफल रही लेकिन द्रार्टर फाइनल में नहीं पहुंच पाई थी। लेकिन इस साल उम्मीद की किरण है। मैक्सिको अब तक केवल दो बार 1970 और 1986 में विश्व कप के द्रार्टर फाइनल तक पहुंचा है। इन दोनों अवसरों पर वह मेजबान देश था। अगुइरे 1986 की टीम का हिस्सा थे।मैक्सिको ने 80,824 दर्शकों की उपस्थिति में आक्रामक खेल का प्रदर्शन किया और नौवें मिनट में द्रिनोनेस के गोल से बढ़त बना ली। जिमेनेज ने 66वें मिनट में हेडर से दूसरा गोल दागा। यह मैक्सिको के लिए उनका 46वां लेकिन तीन विश्व कप में पहला गोल था।जिमेनेज़ इस गोल से मैक्सिको की तरफ से सर्वाधिक गोल करने के मामले में जारेड बोर्गेटी के साथ दूसरे स्थान पर आ गए हैं। वह शीर्ष पर काबिज जेवियर हर्नांडेज़ से छह गोल पीछे हैं।अगुएरे ने कहा, हमने पहले हाफ में अच्छा प्रदर्शन नहीं किया, लेकिन अगर हम हाफ टाइम तक 3-0 की बढ़त बना लेते तो किसी को कोई शिकायत नहीं होती। हमने उनसे कहीं बेहतर खेल दिखाया। दक्षिण अफ्रीका के खिलाड़ी स्फेफेलो सिथोले और थेम्बा ज़वाने दोनों को लाल कार्ड दिखाया गया, जिसके चलते टीम को नौ खिलाड़ियों के साथ ही मैच समाप्त करना पड़ा। इसके बाद मैक्सिको के डिफेंडर सेसार मोंटेस को भी इंजरी टाइम में लाल कार्ड मिला।
विश्व कप टूर्नामेंट के उद्घाटन मैच में पहली बार तीन लाल कार्ड दिखाए गए। विश्व कप के किसी मैच में सर्वाधिक लाल कार्ड दिखाए जाने के मामले में यह मैच दूसरे स्थान पर है। पुर्तगाल और नीदरलैंड के बीच 2006 में जर्मनी में खेले गए विश्व कप के मैच में चार लाल कार्ड दिखाए गए थे।
मैक्सिको के अब ग्रुप ए में तीन अंक हो गए हैं और वह अगले गुरुवार को ग्वाडलजारा में दक्षिण कोरिया के खिलाफ खेलेगा। दक्षिण अफ्रीका उसी दिन अटलांटा में चेक गणराज्य का सामना करेगा।
मैक्सिको चार साल पहले कतर में खेले गए विश्व कप में ग्रुप चरण से बाहर हो गया था। इससे पहले उसकी टीम लगातार सात बार अंतिम 16 में पहुंचने में सफल रही लेकिन द्रार्टर फाइनल में नहीं पहुंच पाई थी। लेकिन इस साल उम्मीद की किरण है। मैक्सिको अब तक केवल दो बार 1970 और 1986 में विश्व कप के द्रार्टर फाइनल तक पहुंचा है। इन दोनों अवसरों पर वह मेजबान देश था। अगुइरे 1986 की टीम का हिस्सा थे।मैक्सिको ने 80,824 दर्शकों की उपस्थिति में आक्रामक खेल का प्रदर्शन किया और नौवें मिनट में द्रिनोनेस के गोल से बढ़त बना ली। जिमेनेज ने 66वें मिनट में हेडर से दूसरा गोल दागा। यह मैक्सिको के लिए उनका 46वां लेकिन तीन विश्व कप में पहला गोल था।जिमेनेज़ इस गोल से मैक्सिको की तरफ से सर्वाधिक गोल करने के मामले में जारेड बोर्गेटी के साथ दूसरे स्थान पर आ गए हैं। वह शीर्ष पर काबिज जेवियर हर्नांडेज़ से छह गोल पीछे हैं।अगुएरे ने कहा, हमने पहले हाफ में अच्छा प्रदर्शन नहीं किया, लेकिन अगर हम हाफ टाइम तक 3-0 की बढ़त बना लेते तो किसी को कोई शिकायत नहीं होती। हमने उनसे कहीं बेहतर खेल दिखाया। दक्षिण अफ्रीका के खिलाड़ी स्फेफेलो सिथोले और थेम्बा ज़वाने दोनों को लाल कार्ड दिखाया गया, जिसके चलते टीम को नौ खिलाड़ियों के साथ ही मैच समाप्त करना पड़ा। इसके बाद मैक्सिको के डिफेंडर सेसार मोंटेस को भी इंजरी टाइम में लाल कार्ड मिला।
विश्व कप टूर्नामेंट के उद्घाटन मैच में पहली बार तीन लाल कार्ड दिखाए गए। विश्व कप के किसी मैच में सर्वाधिक लाल कार्ड दिखाए जाने के मामले में यह मैच दूसरे स्थान पर है। पुर्तगाल और नीदरलैंड के बीच 2006 में जर्मनी में खेले गए विश्व कप के मैच में चार लाल कार्ड दिखाए गए थे।
मैक्सिको के अब ग्रुप ए में तीन अंक हो गए हैं और वह अगले गुरुवार को ग्वाडलजारा में दक्षिण कोरिया के खिलाफ खेलेगा। दक्षिण अफ्रीका उसी दिन अटलांटा में चेक गणराज्य का सामना करेगा।