दिल्ली नगर निगम ने खतरनाक एवं अवैध भवनों के खिलाफ सभी 12 जोनों में तेज की कार्रवाई
प्रकाशित: 10-09-2026 | लेखक: वीर अर्जुन टीम
वीर अर्जुन संवाददाता
नई दिल्ली। दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) ने राजधानी के सभी 12 जोनों में खतरनाक भवनों, अनधिकृत निर्माण तथा दिल्ली के मास्टर प्लान और भवन उपनियमों के उल्लंघन के खिलाफ अपनी प्रवर्तन कार्रवाई तेज कर दी है।
आज चलाए गए व्यापक प्रवर्तन अभियान के तहत एमसीडी के सभी 12 जोनों में कुल 34 ध्वस्तीकरण कार्रवाई की गईं। इसके अतिरिक्त, 17 संपत्तियों को सील किया गया, 22 कारण बताओ नोटिस जारी किए गए तथा 4 ध्वस्तीकरण आदेश पारित किए गए। एमसीडी द्वारा कल भी प्रवर्तन कार्रवाई की गई थी, जिसके दौरान दिल्ली के मास्टर प्लान एवं भवन उपनियमों के उल्लंघन के चलते 17 संपत्तियों को ध्वस्त किया गया तथा 5 अन्य संपत्तियों को सील किया गया। आज चलाए गए प्रवर्तन अभियान के दौरान संपत्ति संख्या 1412, गली गोंडनी वाली, कूचा चेलन, जामा मस्जिद में ध्वस्तीकरण कार्रवाई की गई। कार्रवाई के दौरान ग्राउंड फ्लोर की छत के दो पैनल तथा एक पार्टिशन दीवार को थाना जामा मस्जिद के पुलिस स्टाफ की सहायता से ध्वस्त किया गया। इसी प्रकार, संपत्ति संख्या 3881, सड़क प्रेम नारायण, बाजार सीताराम में अनधिकृत निर्माण के खिलाफ ध्वस्तीकरण कार्रवाई की गई। इसके अलावा, विकास नगर और सेक्टर-17, द्वारका में खतरनाक घोषित संपत्तियों के खिलाफ भी कार्रवाई की गई। यह कार्रवाई संरचनात्मक रूप से असुरक्षित भवनों के विरुद्ध एमसीडी द्वारा चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा है। संपत्ति संख्या ण्-1/19, राणा प्रताप बाग में ध्वस्तीकरण कार्रवाई के दौरान तीसरी मंजिल पर आरसीसी छत के चार पैनल तथा पहली मंजिल पर आरसीसी स्लैब के एक पैनल को ध्वस्त किया गया। इसके अलावा, गैस कटर की सहायता से सरिया काटा गया तथा दूसरी मंजिल की ईंट की दीवारों को भी ध्वस्त किया गया। इसी प्रकार, संपत्ति संख्या अ-2A, सरदार नगर, मॉडल टाउन में भी ध्वस्तीकरण कार्रवाई की गई। कार्रवाई के दौरान आरसीसी स्लैब के तीन पैनल ध्वस्त किए गए तथा गैस कटर की सहायता से सरिया काटा गया।
नई दिल्ली। दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) ने राजधानी के सभी 12 जोनों में खतरनाक भवनों, अनधिकृत निर्माण तथा दिल्ली के मास्टर प्लान और भवन उपनियमों के उल्लंघन के खिलाफ अपनी प्रवर्तन कार्रवाई तेज कर दी है।
आज चलाए गए व्यापक प्रवर्तन अभियान के तहत एमसीडी के सभी 12 जोनों में कुल 34 ध्वस्तीकरण कार्रवाई की गईं। इसके अतिरिक्त, 17 संपत्तियों को सील किया गया, 22 कारण बताओ नोटिस जारी किए गए तथा 4 ध्वस्तीकरण आदेश पारित किए गए। एमसीडी द्वारा कल भी प्रवर्तन कार्रवाई की गई थी, जिसके दौरान दिल्ली के मास्टर प्लान एवं भवन उपनियमों के उल्लंघन के चलते 17 संपत्तियों को ध्वस्त किया गया तथा 5 अन्य संपत्तियों को सील किया गया। आज चलाए गए प्रवर्तन अभियान के दौरान संपत्ति संख्या 1412, गली गोंडनी वाली, कूचा चेलन, जामा मस्जिद में ध्वस्तीकरण कार्रवाई की गई। कार्रवाई के दौरान ग्राउंड फ्लोर की छत के दो पैनल तथा एक पार्टिशन दीवार को थाना जामा मस्जिद के पुलिस स्टाफ की सहायता से ध्वस्त किया गया। इसी प्रकार, संपत्ति संख्या 3881, सड़क प्रेम नारायण, बाजार सीताराम में अनधिकृत निर्माण के खिलाफ ध्वस्तीकरण कार्रवाई की गई। इसके अलावा, विकास नगर और सेक्टर-17, द्वारका में खतरनाक घोषित संपत्तियों के खिलाफ भी कार्रवाई की गई। यह कार्रवाई संरचनात्मक रूप से असुरक्षित भवनों के विरुद्ध एमसीडी द्वारा चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा है। संपत्ति संख्या ण्-1/19, राणा प्रताप बाग में ध्वस्तीकरण कार्रवाई के दौरान तीसरी मंजिल पर आरसीसी छत के चार पैनल तथा पहली मंजिल पर आरसीसी स्लैब के एक पैनल को ध्वस्त किया गया। इसके अलावा, गैस कटर की सहायता से सरिया काटा गया तथा दूसरी मंजिल की ईंट की दीवारों को भी ध्वस्त किया गया। इसी प्रकार, संपत्ति संख्या अ-2A, सरदार नगर, मॉडल टाउन में भी ध्वस्तीकरण कार्रवाई की गई। कार्रवाई के दौरान आरसीसी स्लैब के तीन पैनल ध्वस्त किए गए तथा गैस कटर की सहायता से सरिया काटा गया।