हाइपरवॉल्ट हैदराबाद में एआई डेटा सेंटर परियोजना पर 70,000 करोड़ तक निवेश करेगी
प्रकाशित: 06-09-2026 | लेखक: वीर अर्जुन टीम
नई दिल्ली, (भाषा)। टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) की अनुषंगी कंपनी 'हाइपरवॉल्ट' ने हैदराबाद में बड़े स्तर पर कृत्रिम मेधा (एआई) डेटा सेंटर परिसर विकसित करने के लिए 264 एकड़ जमीन हासिल की है। कंपनी ने शनिवार को यह जानकारी दी।
कंपनी ने बताया कि इस परियोजना में कुल 70,000 करोड़ रुपये तक का निवेश किया जाएगा। हाइपरवॉल्ट ने शेयर बाजार को दी सूचना में कहा कि इस उद्देश्य के लिए तैयार किए जा रहे परिसर की क्षमता एक गीगावाट (जीडब्ल्यू) तक होगी। उसने कहा, ''कंपनी ने हैदराबाद में एक गीगावाट तक क्षमता वाला बड़े स्तर का एआई डेटा सेंटर परिसर विकसित करने के लिए 264 एकड़ जमीन हासिल की है।'' कंपनी के अनुसार, इस परियोजना से क्षेत्र में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से कई हजार रोजगार पैदा होंगे। हाइपरवॉल्ट और उसके साझेदार इस बुनियादी ढांचे के निर्माण और प्रबंधन में 70,000 करोड़ रुपये तक निवेश करेंगे। परियोजना को ग्राहकों की मांग और प्रौद्योगिकी संबंधी जरूरतों के अनुरूप चरणबद्ध तरीके से विकसित किया जाएगा। तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी ने इस परियोजना को राज्य और देश के लिए ऐतिहासिक करार दिया। उन्होंने कहा, ''यह दर्शाता है कि हैदराबाद अब बुनियादी ढांचे पर मजबूत ध्यान के साथ वैश्विक एआई ाढांति में सबसे आगे है। यह दशक एआई का है। एआई मॉडल और कंप्यूटिंग तक पहुंच तेजी से सार्वजनिक बुनियादी ढांचे का हिस्सा बन रही है और इस कंप्यूटिंग क्षमता का तेलंगाना में होना हमें बढ़त देता है।'' कंपनी ने कहा कि परिसर के निर्माण में हरित ऊर्जा और जल-तटस्थ डिजाइन के सिद्धांतों का इस्तेमाल किया जाएगा।
कंपनी ने बताया कि इस परियोजना में कुल 70,000 करोड़ रुपये तक का निवेश किया जाएगा। हाइपरवॉल्ट ने शेयर बाजार को दी सूचना में कहा कि इस उद्देश्य के लिए तैयार किए जा रहे परिसर की क्षमता एक गीगावाट (जीडब्ल्यू) तक होगी। उसने कहा, ''कंपनी ने हैदराबाद में एक गीगावाट तक क्षमता वाला बड़े स्तर का एआई डेटा सेंटर परिसर विकसित करने के लिए 264 एकड़ जमीन हासिल की है।'' कंपनी के अनुसार, इस परियोजना से क्षेत्र में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से कई हजार रोजगार पैदा होंगे। हाइपरवॉल्ट और उसके साझेदार इस बुनियादी ढांचे के निर्माण और प्रबंधन में 70,000 करोड़ रुपये तक निवेश करेंगे। परियोजना को ग्राहकों की मांग और प्रौद्योगिकी संबंधी जरूरतों के अनुरूप चरणबद्ध तरीके से विकसित किया जाएगा। तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी ने इस परियोजना को राज्य और देश के लिए ऐतिहासिक करार दिया। उन्होंने कहा, ''यह दर्शाता है कि हैदराबाद अब बुनियादी ढांचे पर मजबूत ध्यान के साथ वैश्विक एआई ाढांति में सबसे आगे है। यह दशक एआई का है। एआई मॉडल और कंप्यूटिंग तक पहुंच तेजी से सार्वजनिक बुनियादी ढांचे का हिस्सा बन रही है और इस कंप्यूटिंग क्षमता का तेलंगाना में होना हमें बढ़त देता है।'' कंपनी ने कहा कि परिसर के निर्माण में हरित ऊर्जा और जल-तटस्थ डिजाइन के सिद्धांतों का इस्तेमाल किया जाएगा।