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राज्यसभा की वोटिंग जारी, बिहार में BSP विधायक महागठबंधन के साथ, वोट डालने नहीं पहुंचे कांग्रेस के 3 MLA

प्रकाशित: 16-03-2026 | लेखक: वीर अर्जुन टीम
राज्यसभा की वोटिंग जारी, बिहार में BSP विधायक महागठबंधन के साथ, वोट डालने नहीं पहुंचे कांग्रेस के 3 MLA
नई दिल्ली:
राज्यसभा की 11 सीटों के लिए आज वोटिंग हो रही है. इनमें बिहार की 5, ओडिशा की 4 और हरियाणा की 2 सीटें शामिल हैं. मतदान शुरू हो गया है और नतीजे भी आज शाम तक घोषित कर दिए जाएंगे. देशभर में इस बार राज्यसभा की 37 सीटों पर चुनाव प्रक्रिया चल रही है, जिनमें से 26 उम्मीदवार पहले ही निर्विरोध चुने जा चुके हैं.
तीन राज्यों में टक्कर, 26 सीटों पर निर्विरोध चुनाव
शरद पवार, रामदास अठावले, अभिषेक मनु सिंघवी, थंबी दुरई, विनोद तावड़े और बाबुल सुप्रियो सहित कई बड़े नेताओं को पहले ही निर्विरोध राज्यसभा भेजा जा चुका है. लेकिन बिहार, ओडिशा और हरियाणा की 11 सीटों पर मुकाबला बेहद दिलचस्प हो गया है.
बिहार: पांचवीं सीट पर सस्पेंस जारी
बिहार में JDU और BJP के चार उम्मीदवारों- नीतीश कुमार, रामनाथ ठाकुर, नितिन नवीन और शिवम कुमार की जीत लगभग तय मानी जा रही है। असली जंग पांचवीं सीट पर है, जहां NDA के उपेंद्र कुशवाहा और महागठबंधन समर्थित एडी सिंह आमने सामने हैं.
पांचवीं सीट पर महागठबंधन भी टक्कर में
महागठबंधन के पास 35 विधायक हैं. जीत के लिए 41 वोट चाहिए. AIMIM के सभी 5 और BSP का 1 वोट मिलने की उम्मीद से उनकी स्थिति मजबूत मानी जा रही है.
NDA की रणनीति
NDA को उम्मीद है कि महागठबंधन के कम से कम तीन विधायक क्रॉस-वोटिंग कर सकते हैं. कांग्रेस के छह विधायकों और BSP विधायक पर भी नजर है. इस सीट का फैसला पूरी तरह क्रॉस-वोटिंग पर निर्भर करेगा.
ओडिशा में BJP और BJD बराबरी पर
ओडिशा की चार सीटों पर भी दिलचस्प समीकरण बने हुए हैं. उम्मीद है कि BJP और BJD दो दो सीटें जीत सकती हैं.
ओडिशा में BJP की स्थिति
ओडिशा विधानसभा में भाजपा के पास 79 विधायक हैं और तीन निर्दलीय विधायकों का समर्थन भी है. इससे दो सीटें उसके खाते में लगभग तय हैं. तीसरे उम्मीदवार के लिए भाजपा को 8 अतिरिक्त वोटों की जरूरत पड़ेगी.
BJD का समीकरण
वहीं बीजू जनता दल को 48 विधायकों के साथ उसकी एक सीट पक्की मानी जा रही है. अगर कांग्रेस (14) और CPM (1) का समर्थन जोड़ दिया जाए तो पार्टी एक और सीट जीत सकती है. चौथी सीट पर BJP समर्थित दिलीप रे और BJD के बीच मुकाबला है.
हरियाणा विधानसभा में कुल 90 सदस्य हैं. BJP के पास 48 विधायक हैं, जबकि INLD के दो और तीन निर्दलीय विधायक भी उसे समर्थन देते हैं. ऐसे में उसके पास कुल 53 वोट हैं. संजय भाटिया की जीत तय मानी जा रही है, जिसके बाद BJP के पास 22 वोट शेष बचेंगे. कांग्रेस के पास 37 विधायक हैं और उसका प्रत्याशी करमवीर बोध आसानी से जीत हासिल कर लेगा. लेकिन निर्दलीय सतीश नांदल के मैदान में उतरने से चुनाव रोमांचक हो गया है. उन्हें जीतने के लिए नौ अतिरिक्त वोटों की जरूरत होगी, जो कांग्रेस के क्रॉस-वोटिंग के बिना संभव नहीं है. इसी आशंका में कांग्रेस अपने 31 विधायकों को शिफ्ट कर चुकी है.
फैसला आज शाम तक
बिहार, ओडिशा और हरियाणा में हुए मतदान के बाद आज शाम तक नतीजे आ जाएंगे. सभी दलों की उम्मीदें क्रॉस-वोटिंग पर टिकी हैं, इसलिए कई सीटों पर चौंकाने वाले नतीजे आने की संभावना है.
बिहार विधानसभा में NDA के 110 विधायक अब तक वोट डाल चुके
बिहार विधानसभा में NDA के 110 विधायक अब तक वोट डाल चुके हैं. भाजपा ने अपने सीनियर नेताओं को नए विधायकों से वोट कराने की जिम्मेदारी दी है. वरीय नेताओं को 10-10 विधायकों का वोट कराना है.
गौरतलब है कि कांग्रेस के 3 विधायक अब तक वोट डालने नहीं पहुंचे हैं.
BSP विधायक ने महागठबंधन उम्मीदवार के पक्ष में डाला वोट
बिहार विधानसभा में बीएसपी के इकलौते विधायक सतीश यादव ने महागठबंधन के पक्ष में मतदान किया. सतीश यादव ने कहा कि NDA की तरफ से भी कई ऑफर मिले पर हमने महागठबंधन को अपना समर्थन दिया है. सतीश यादव ने दावा किया है की पांचवी सीट महागठबंधन जीतेगी.
राज्यसभा चुनाव के लिए मैथिली ठाकुर ने डाला वोट
मैथिली ठाकुर ने राज्यसभा चुनाव के लिए पहली बार वोट डाला है. मैथिली ने कहा है की हम सभी पांच सीट पर एनडीए के उम्मीवार जीतेंगे.
विपक्ष इससे पहले भी विधानसभा चुनाव में दावे कर रहे थे. लेकिन हम लोग इस चुनाव में सभी पांच सीट पर चुनाव जीतेंगे.
बिहार विधानसभा में राज्यसभा के लिए वोटिंग शुरू
बिहार में राज्यसभा की 5 सीटों के लिए मतदान शुरू हो गया है. सबकी निगाहें पांचवीं सीट पर टिकी हुई हैं, दोनों खेमों ने अपना पूरा दमखम लगाया है. महागठबंधन ने पूरे विपक्षी खेमे को साध लिया है. AIMIM और बहुजन समाज पार्टी के विधायक उसके समर्थन में हैं, लेकिन कांग्रेस के दो विधायकों ने महागठबंधन की चिंता बढ़ा दी है. बाल्मिकी नगर विधायक सुरेंद्र कुशवाहा, फारबिसगंज विधायक मनोज विश्वास से पार्टी नेताओं का संपर्क नहीं हो पा रहा है. AIMIM के भी एक विधायक पर महागठबंधन के नेताओं को संदेह है.